मज़ेदार ध्वनि-प्रभावों, मनमोहक संगीत और सरल भाषा के साथ प्रस्तुत यह प्यारी कहानी नन्ही जेनी और उसकी गुड़िया एमी के स्नेहभरे रिश्ते को जीवंत करती है। जेनी अपनी गुड़िया की ठीक उसी तरह प्यार से देखभाल करती है, जैसे उसके मम्मी-पापा उसकी करते हैं। सुबह से रात तक वह एमी को तैयार करती है, नहलाती है, खाना खिलाती है, उसके साथ खेलती है, लोरियाँ सुनाती है और उसे प्यार से गोद में झुलाती है। दिनभर के इन मधुर पलों के बाद जब सोने का समय आता है, तो जेनी अपनी गुड़िया को प्यार से शुभरात्रि कहकर मीठे सपनों की शुभकामनाएँ देती है। प्रेम, देखभाल और अपनापन से भरपूर यह मनमोहक कहानी बच्चों को परिवार के स्नेह, ज़िम्मेदारी और दयालुता का सुंदर संदेश देती है तथा पढ़ने के प्रति उनका प्रेम बढ़ाती है।