क्या आप भी अपने भीतर एक ऐसा युद्ध लड़ रहे हैं जो किसी को दिखाई नहीं देता? बहानों, आलस्य और असफलता के डर से जूझ रहे युवाओं और विद्यार्थियों के लिए "वन वे-विजेता का रास्ता" एक परिवर्तनकारी काव्य-यात्रा है। पाँच हज़ार साल पहले कुरुक्षेत्र में भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को नियंत्रित मन का ज्ञान दिया था। यह ऑडियोबुक श्रीमद्भगवद्गीता के उसी कर्मयोग को आज की व्यावहारिक जीवन-शैली से जोड़कर मन पर विजय पाने का अचूक मार्ग दिखाती है। यह आपको टालमटोल खत्म करने, अनुशासन अपनाने और असफलता से नई उड़ान भरने की प्रेरणा देती है। इसमें शामिल 71 ओजस्वी कविताएं और 8 अध्याय आपके सोए जुनून को जगाते हैं। लेखक एवं वाचक परिचय: अजेय केशवम [एम.एससी., एलएल.बी., जनसंचार] लेखक व विचारशील चिंतक हैं। मीडिया व संचार में 15+ वर्षों के अनुभव के साथ वे भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान कानपुर (आईआईटी कानपुर) में कार्यरत हैं। पुस्तक: वन वे-विजेता का रास्ता लेखक एवं वाचक: अजेय केशवम (आईआईटी कानपुर) प्रकाशक: चायरन पब्लिकेशन